फगवाड़ा (लाली दादर )
* मिल मालिकों के आश्वासन पर धरना हुआ स्थगित
4 मार्च : फगवाड़ा की प्रसिद्ध जेसीटी कपड़ा मिल के मजदूरों द्वारा वेतन एवं अन्य भत्तों की अदायगी की मांग को लेकर तीन दिन से जारी धरने को आज तब भारी बल मिला जब भारतीय किसान यूनियन (दोआबा) सर्कल फगवाड़ा की ओर से प्रैस सचिव गुरपाल सिंह पाला मौली के नेतृत्व में किसानों का समर्थन भी मिल गया। इस दौरान सतनाम सिंह पठलावा व जतिन्द्र कौर की अगवाई में धरनाकारी मजदूरों की ओर से की जा रही जोरदार नारेबाजी के बीच वार्तालाप में किसान नेता पाला मौली ने कहा कि मजदूर के खून-पसीने की कमाई मिल मालिकों को देनी ही पड़ेगी। उन्होंने कहा कि महज आठ-दस हजार रुपए के मासिक वेतन के लिए एक मजदूर महीना भर मजदूरी करता है ताकि उसके परिवार को दो वक्त की रोटी नसीब हो सके। लेकिन पुंजीपती वर्ग द्वारा हमेशा मजदूर का शोषण होता है जिसका प्रत्यक्ष प्रमाण यह धरना है। मजदूरों को मिले किसान संगठन के समर्थन से सकते में आये मिल प्रबंधन के तेवर ढीले होने में ज्यादा समय नहीं लगा और बाद दोपहर मिल मालिकों की ओर से यह आश्वासन दिया गया कि सोमवार तक मजदूरों के बकाये का भुगतान कर दिया जाएगा। जिसके बाद धरने को सोमवार तक के लिए स्थगित कर दिया गया है। मजदूर नेताओं और किसान नेता पाला मौली ने चेतावनी देकर कहा कि यदि दो दिन में मजदूरों का बकाया न दिया गया तो सोमवार को फिर से धरना दिया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि भुगतान न होने की सूरत में सोमवार को जो हालात बनेंगे उसकी जिम्मेवारी मिल प्रबंधन और स्थानीय प्रशासन की होगी। इस अवसर पर मंजू बाला, सीता देवी, कश्मीर सिंह सीहरा, सरबजीत कौर, पुष्पा, हेमा, मीना, वीना, अंजली, सीमा, सरबजीत कौर चाचोकी, सतविन्द्र सिंह प्रीत नगर, सतनाम सिंह, प्रेम कुमार, कुलविन्द्र सिंह, गुरदीप सिंह, अनीता, कविता, पूजा, लाल बिहारी, रवि कुशवाहा, रणजीत कुमार, इन्द्रजीत, दलजीत कौर, विनोद तिवारी, संत राम, सुजाता, फूलवती, अंजली, जगदीश, बलजिंदर सिंह, संतोष कुमार, विजय, राजिन्द्र प्रसाद आदि उपस्थित थे।
कैप्शन: फगवाड़ा की जेसीटी मिल के सामने धरने के दौरान धरनाकारियों से बातचीत करते हुए गुरपाल सिंह पाला मौली और मजदूर नेताओं के साथ पत्रकारों को जानकारी देते हुए।








